दिल्ली-एनसीआर समेत समूचे उत्तर भारत में बढ़ा ठंड का प्रकोप, सुबह छाया घना कोहरा


राष्ट्रीय राजधानी में को भी शुक्रवार को घना कोहरा छाने से दृश्यता घट कर 50 मीटर हो गई, जिससे यातायात भी प्रभावित हुआ। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, घने कोहरे के कारण सफदरजंग और पालम में दृश्यता कम होकर 50 मीटर रह गई।


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नई दिल्ली। पहाड़ी राज्यों में हुई बर्फबारी ने दिल्ली-एनसीआर समेत समूचे उत्तर भारत में ठंड बढ़ा दी है। मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के मुताबिक, बारिश के बाद देश के कई राज्यों में ठिठुरन में इजाफा में इजाफा हुआ है। इस बीच नए पश्चिम विक्षोभ की सक्रियता से 18-19 को दिल्ली-एनसीआर में फिर हल्की बारिश हो सकती है।

आईएमडी के मुताबिक, न्यूनतम और अधिकतम तापमान में कमी के चलते दिल्ली और इससे सटे पश्चिमी उत्तर प्रदेश और हरियाणा के एनसीआर के शहरों में ठंड में इजाफा हुआ है। ठंड का दौर सप्ताहांत तक जारी रहेगा। हालांकि, अगले हफ्ते इसमें कमी आने के आसार हैं।

मौसम विभाग के मुताबिक, आगामी एक दिन में दिल्ली-एनसीआर में न्यूनतम तापमान 6-7 डिग्री सेल्सियस तक जा सकता है। मौसम विज्ञानी आर के जेनामणि ने बताया कि अगले कुछ दिन तक देश के कई हिस्सों में आंशिक रूप से बादल छाए रहेंगे। अभी कई दिन तक मध्यम से घने स्तर का कोहरा देखने को मिल सकता है। इसके बाद 18 जनवरी के आसपास एक नए पश्चिमी विक्षोभ की सक्रियता से फिर हल्की बारिश होने के आसार हैं।

वहीं राष्ट्रीय राजधानी में को भी शुक्रवार को घना कोहरा छाने से दृश्यता घट कर 50 मीटर हो गई, जिससे यातायात भी प्रभावित हुआ। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, घने कोहरे के कारण सफदरजंग और पालम में दृश्यता कम होकर 50 मीटर रह गई।

आईएमडी के अनुसार, शून्य से 50 मीटर के बीच दृश्यता होने पर कोहरा ‘बेहद घना’, 51 से 200 मीटर दृश्यता के बीच ‘घना’, 201 से 500 के मीटर दृश्यता के बीच ‘मध्यम’ और 501 से 1000 के बीच दृश्यता होने पर कोहरे को ‘हल्का’ माना जाता है।

मौसम विभाग ने अगले चार दिन तक दिल्ली में घना से मध्यम कोहरा छाने का पूर्वानुमान लगाया है।

विभाग के अनुसार, राष्ट्रीय राजधानी में न्यूनतम तापमान सामान्य से एक डिग्री कम, छह डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। अधिकतम तापमान के 17 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है।

शहर में, हवा में आर्द्रता का स्तर अधिक होने के कारण वायु गुणवत्ता और खराब हो गई। वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) बृहस्पतिवार शाम चार बजे 321 था, जो शुक्रवार को सुबह नौ बजे 352 हो गया।

शून्य और 50 के बीच एक्यूआई को ‘अच्छा’, 51 और 100 के बीच ‘संतोषजनक’, 101 और 200 के बीच ‘मध्यम’, 201 और 300 के बीच ‘खराब’, 301 और 400 के बीच ‘बहुत खराब’ और 401 और 500 के बीच ‘गंभीर’ श्रेणी में माना जाता है।